BREAKING : मनी लॉन्ड्रिंग मामले में ED ने सौम्या चौरसिया समेत 10 आरोपियों के खिलाफ 5503 पन्नो का पेश किया चालान

रायपुर। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने रिमांड की अवधि समाप्त होने पर आज यानी सोमवार को खनिज विभाग के डिप्टी डायरेक्टर एसएस नाग, खनिज अधिकारी संदीप कुमार नायक, दीपेश टांक, और राजेश चौधरी को कोर्ट में पेश किया। इन आरोपियों को तीन दिन की रिमांड पर जेल भेजा गया था, जिसकी अवधी समाप्त होने पर आज विशेष सत्र न्यायाधीश अजय सिंह राजपूत की कोर्ट में पेश किया गया। कोर्ट ने मामले में सुनवाई करते हुए तीनो आरोपियों को 14 दिन न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। एसएस नाग, संदीप कुमार नायक, दीपेश टांक, और राजेश चौधरी को 13 फरवरी जेल में रहना होगा। वहीं अदालत में ईडी ने सौम्या चौरसिया समेत सभी 10 आरोपियों के खिलाफ चालान पेश किया।
ईडी ने चार आरोपियों के रिमांड खत्म होने पर आज विशेष न्यायाधीश अजय सिंह राजपूत की कोर्ट में पेश किया गया। कोर्ट ने सुनवाई में डिप्टी डायरेक्टर एसएस नाग, संदीप कुमार नायक, दीपेश टांक, और राजेश चौधरी को 14 दिन यानी 13 फरवरी तक न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा। वहीं जेल में बंद सौम्या चौरसिया समेत 10 आरोपियों के खिलाफ ईडी ने चालान पेश किया। सौम्या चौरसिया, निखिल चंद्राकर, एस एस नाग, संदीप कुमार नायक, दीपेश टांक और राजेश चौधरी समेत कैलाश तिवारी, रजनीकांत तिवारी और अनुराग चौरसिया समेत 10 आरोपियों के खिलाफ चालान पेश किया। सभी आरोपियों के खिलाफ करीब 178 पन्नो की परिवाद और 5503 पन्नो में चालान प्रस्तुत किया है। सभी आरोपियों के खिलाफ करीब 17 करोड़ रुपयों के लेनदेन का चालान पेश किया गया है। चालान में कैलाश तिवारी, रजनीकांत तिवारी और अनुराग चौरसिया को भी नया अभियुक्त बनाया गया है। ईडी ने सीआरपीसी की धारा 173 के तहत लिफाफा बंद आवेदन पेश किया। जिसमे जांच के दौरान आगामी दिनों में अन्य अभियुक्तों की गिरफ्तारी और चालान पेश करने की अनुमति मांगी, कोर्ट ने अनुमति दी। कोर्ट ने चालान पर अगली सुनवाई 14 फरवरी तय की है।